Thursday, June 7, 2012

एपिकटेट्स के विचार ...

किसी को खुश बनाये रहने के प्रयास हमें अपने प्रभाव के दायरे (SPHERE OF INFLUENCE) से बाहर निकाल ले जाते हैं.
ऐसा करने पर हम अपने जीवन के उद्देश्य पर से नियंत्रण खो बैठते हैं.
अपने आप को समझदारी (Wisdom) का अनुगामी और सत्य का साधक मानकर संतोष करिए. जो ज़रूरी है और आवश्यक भी, उसी को बार बार अपनाएँ.
दूसरों की नज़र में समझदार बनने का प्रयास न करें. यदि समझदारी से जीना है तो अपनी शर्तों और अपनी दृष्टि अनुरूप ही जियें.

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